स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही बर्दाश्त नहीं : डीएम
आयुष्मान कार्ड में लापरवाही पर होगी कठोर कार्रवाई : डीएम
आयुष्मान आरोग्य मंदिरों की कार्यप्रणाली को और बेहतर करने के निर्देश
बाराबंकी, 23 फरवरी। जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट स्थित लोकसभागार में जिला स्वास्थ्य समिति (डीएचएस) की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित योजनाओं एवं सेवाओं की बिंदुवार समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि शासन की मंशानुसार आमजन को समयबद्ध, सुलभ एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
आयुष्मान कार्ड में लापरवाही पर होगी कार्रवाई
जिलाधिकारी ने आयुष्मान कार्ड बनाने की धीमी गति पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि शत-प्रतिशत पात्र लाभार्थियों के आयुष्मान कार्ड शीघ्रता से बनाए जाएं। इस कार्य में शिथिलता बरतने वाले कर्मचारियों व अधिकारियों पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
बाहर की दवाएं लिखने पर होगी कठोर कार्रवाई
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि कोई भी चिकित्सक मरीजों को बाहर की दवाएं न लिखे। यदि इस संबंध में कोई शिकायत प्राप्त होती है तो संबंधित चिकित्सक के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। जिला अस्पताल एवं सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर स्थापित जन औषधि केंद्रों को पूर्ण रूप से सक्रिय रखने के निर्देश दिए गए। यदि किसी दवा का स्टॉक अस्पताल में उपलब्ध न हो तो मरीजों को जन औषधि केंद्र से दवा उपलब्ध कराई जाए।
टीकारण में लापरवाही पर की जाएगी कड़ी कार्यवाही
जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि जनपद में कहीं भी जीरो सेशन की स्थिति न हो। यदि किसी स्थान पर टीकाकरण सत्र आयोजित नहीं होता है तो संबंधित एएनएम एवं अधीक्षक के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। लक्ष्य से कम प्रगति वाले ब्लॉकों के अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए।
संस्थागत प्रसव को प्राथमिकता
गर्भवती महिलाओं का शत-प्रतिशत पंजीकरण सुनिश्चित करने तथा प्रसव सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में ही कराने के निर्देश दिए गए। उपकेंद्रों पर स्थापित डिलीवरी प्वाइंट्स को सक्रिय करने एवं आवश्यकता अनुसार नए डिलीवरी प्वाइंट स्थापित करने के निर्देश भी दिए गए। घर पर प्रसव की घटनाओं को पूर्णतः रोकने पर जोर दिया गया।
आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर सीएचओ की नियमित उपस्थिति अनिवार्य
जनपद में संचालित सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में सीएचओ की समयबद्ध उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। प्रत्येक मरीज का समुचित उपचार एवं आवश्यक जांचें कराना अनिवार्य होगा। प्रतिदिन न्यूनतम 10 टेली-कंसल्टेशन सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। लापरवाही पाए जाने पर संबंधित के खिलाफ कड़ी कार्यवाही के निर्देश दिए।
स्वास्थ्य रैंकिंग में आपेक्षित सुधार के निर्देश
जिलाधिकारी ने कहा कि संस्थागत प्रसव, टीबी उपचार, टीकाकरण, मातृ एवं शिशु मृत्यु की शत-प्रतिशत रिपोर्टिंग तथा आयुष्मान कार्ड निर्माण में तेजी लाकर ही जनपद की स्वास्थ्य रैंकिंग में सुधार संभव है। उन्होंने कहा कि यह सभी संबंधित अधिकारियों की सामूहिक जिम्मेदारी है। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अन्ना सुदन, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अवधेश कुमार यादव, अपर मुख्य चिकित्साधिकारीगण, सीएचसी अधीक्षक, बीपीएम, बीसीपीएम, आयुष्मान अधिकारी सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।


